गौरव गोगोई का मुख्यमंत्री पर तीखा हमला, बोले— बयानों की ‘शून्य विश्वसनीयता’
थर्ड आई न्यूज
गुवाहाटी I आगामी विधानसभा चुनावों से पहले तैयारियों को तेज करते हुए असम प्रदेश कांग्रेस कमेटी (एपीसीसी) ने 11 जनवरी को एक भव्य जन-प्रवेश कार्यक्रम का आयोजन किया, जिसमें विभिन्न दलों के कई प्रमुख नेता कांग्रेस में शामिल हुए। यह कार्यक्रम मानबेन्द्र शर्मा कॉम्प्लेक्स में एपीसीसी अध्यक्ष गौरव गोगोई की उपस्थिति में संपन्न हुआ।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए गौरव गोगोई ने मुख्यमंत्री हिमंत विश्व शर्मा पर तीखा हमला बोला और उनकी सरकार पर धोखा, अन्याय तथा लोकतांत्रिक अधिकारों के व्यवस्थित हनन का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री के बयान अब जनता के बीच पूरी तरह अविश्वसनीय हो चुके हैं।
कांग्रेस में शामिल होने वालों में मनोज कुमार महंत (जो राजेन गोहाईं के साथ भाजपा छोड़कर आए), एएमसीएचयूआर के पूर्व सलाहकार रेजाउल करीम सरकर, वार्ड 42 की पार्षद मसूमा बेगम के पति बाबुल सहरिया तथा मिशिंग समुदाय के वरिष्ठ समाजसेवी और मिशिंग माइनॉरिटी काउंसिल के तीन बार के प्रदेश अध्यक्ष रुकमा मेडोक प्रमुख रहे।
इसके अलावा एजीपी असम यूथ काउंसिल के पूर्व सचिव कौशिक हजारिका , पूर्व राज्य सलाहकार अजीजुल हक, दिलवार हुसैन खान, हसनुर ज़मान और चिराजुल सरकर भी कांग्रेस में शामिल हुए। वरिष्ठ कांग्रेस नेताओं ने पार्टी प्रतीक पहनाकर सभी नए सदस्यों का औपचारिक स्वागत किया।
सभा को संबोधित करते हुए गोगोई ने कहा कि असम आज एक निर्णायक मोड़ पर खड़ा है। उन्होंने यूथ कांग्रेस के ‘सेव द कम्युनिटी, सेव द लैंड’ अभियान का उल्लेख करते हुए भूमि और समुदाय की सुरक्षा को राज्य की सबसे बड़ी चुनौती बताया।
उन्होंने कहा, “असम को नफरत और हिंसा के आधार पर विभाजित नहीं किया जा सकता। जब लोग एकजुट होते हैं, तो कोई भी मुख्यमंत्री डर के सहारे शासन नहीं कर सकता। असम की असली सत्ता जनता के हाथ में है।”
गोगोई ने आरोप लगाया कि सत्तारूढ़ भाजपा मतदाता सूची में हेरफेर कर समाज के विभिन्न वर्गों को मतदान के अधिकार से वंचित करने की कोशिश कर रही है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस हर मतदान केंद्र पर सहायता डेस्क लगाएगी और नागरिकों के मताधिकार की रक्षा करेगी।
जुबिन गर्ग मामले का उल्लेख करते हुए गोगोई ने आरोप लगाया कि सरकार ने जानबूझकर कमजोर और समझौता किया हुआ आरोपपत्र दाखिल किया है। उन्होंने कहा, “मुख्यमंत्री के शब्दों की कोई विश्वसनीयता नहीं बची है। जुबिन गर्ग की मौत से जुड़े कुछ अहम लोगों को मुख्यमंत्री और उनके परिवार से नजदीकी संबंधों के कारण आरोपपत्र से बाहर रखा गया है।”
उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि भाजपा जनजातियों, ओबीसी, अनुसूचित जातियों और अल्पसंख्यकों सहित विभिन्न समुदायों के मतदाताओं को दबाने की कोशिश कर रही है, जो लोकतंत्र की बुनियाद पर सीधा हमला है।
असम प्रदेश महिला कांग्रेस अध्यक्ष मीरा बोरठाकुर ने कहा कि कांग्रेस के प्रति जनता का भरोसा लगातार बढ़ रहा है और इस बार असम में कांग्रेस की सरकार बनेगी।
नव-प्रवेशित नेता रुकमा मेडोक ने कहा कि वे किसी पद की आकांक्षा से नहीं, बल्कि मिशिंग समुदाय और असम के विकास के लिए कांग्रेस में शामिल हुए हैं।
कार्यक्रम में शामिल अन्य नेताओं ने भी लोकतांत्रिक मूल्यों और सामाजिक हितों के लिए कांग्रेस के साथ काम करने का संकल्प व्यक्त किया।


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