प्रधानमंत्री मोदी से मिले असम के युवा उद्यमी समर्थ हरलालका, देशभर से चयनित 20 प्रतिभागियों में शामिल, ग्वालपाड़ा के उद्यमी ने विज्ञान भवन में रखा असम के रोजगार मॉडल का पक्ष

थर्ड आई न्यूज़

गुवाहाटी । असम और पूरे पूर्वोत्तर भारत के लिए गौरव के क्षण में ग्वालपाड़ा स्थित एसईएएस बायोटेक के संस्थापक एवं निदेशक समर्थ हरलालका को नई दिल्ली के विज्ञान भवन में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के साथ आयोजित एक विशेष संवाद सत्र में भाग लेने का अवसर मिला। इस प्रतिष्ठित कार्यक्रम के लिए चयनित होने वाले वे असम तथा पूरे पूर्वोत्तर क्षेत्र के एकमात्र युवा उद्यमी रहे।

प्रधानमंत्री विकसित भारत रोजगार योजना (PM-VBRY) के राष्ट्रीय कार्यक्रम से पूर्व आयोजित इस विशेष संवाद के लिए समर्थ हरलालका का नाम कर्मचारी भविष्य निधि संगठन (ईपीएफओ) के गुवाहाटी क्षेत्रीय कार्यालय द्वारा नामित किया गया था। कई चरणों वाली कठोर चयन प्रक्रिया को सफलतापूर्वक पार करने के बाद वे देशभर से चुने गए मात्र 20 प्रतिभागियों में स्थान बनाने में सफल रहे। इनमें केवल चार नियोक्ताओं (Employers) को प्रधानमंत्री के साथ प्रत्यक्ष संवाद का अवसर प्राप्त हुआ।

संवाद के दौरान समर्थ हरलालका ने प्रधानमंत्री को ग्वालपाड़ा में स्थापित असम की अग्रणी इथेनॉल निर्माण इकाई एसईएएस बायोटेक की विकास यात्रा से अवगत कराया। उन्होंने बताया कि स्थापना के शुरुआती दौर में तकनीकी विशेषज्ञता और कुशल मानव संसाधन के लिए बाहरी राज्यों पर निर्भर रहना पड़ता था, लेकिन आज कंपनी स्थानीय युवाओं के लिए बड़े पैमाने पर रोजगार का माध्यम बन चुकी है। वर्तमान में लगभग 270 कर्मचारियों वाले इस संस्थान में 220 से अधिक स्थानीय असमिया युवा कार्यरत हैं।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कंपनी की प्रगति, स्थानीय रोजगार सृजन तथा महिला सहभागिता में विशेष रुचि दिखाई और समर्थ हरलालका के साथ विस्तार से चर्चा की। उन्होंने ग्रामीण क्षेत्रों में उद्योग आधारित रोजगार के अवसर बढ़ाने तथा महिलाओं को कार्यबल से जोड़ने के प्रयासों की सराहना की।

वर्ष 2021 में स्थापित और 2024 में उत्पादन प्रारंभ करने वाली एसईएएस बायोटेक ने अब तक भारत सरकार के इथेनॉल मिश्रित पेट्रोल (Ethanol Blended Petrol) कार्यक्रम के तहत 8 करोड़ लीटर से अधिक इथेनॉल की आपूर्ति की है। कंपनी स्वच्छ ऊर्जा मिशन को गति देने के साथ-साथ ग्रामीण असम में आर्थिक गतिविधियों और रोजगार के नए अवसर भी सृजित कर रही है।

प्रधानमंत्री से मुलाकात के बाद समर्थ हरलालका ने इसे अपने जीवन का अत्यंत प्रेरणादायक और अविस्मरणीय अनुभव बताया। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार की उद्योग-अनुकूल नीतियों और प्रोत्साहनकारी वातावरण के कारण असम जैसे राज्यों के उद्यमियों को राष्ट्रीय विकास की मुख्यधारा में अपनी भूमिका निभाने का अवसर मिल रहा है।

उन्होंने इस सम्मान को केवल अपनी व्यक्तिगत उपलब्धि नहीं, बल्कि असम और पूरे पूर्वोत्तर भारत के उद्यमशील युवाओं की क्षमता, प्रतिभा और संभावनाओं की राष्ट्रीय स्तर पर मिली पहचान बताया।

समर्थ हरलालका की यह उपलब्धि न केवल एसईएएस बायोटेक के लिए एक महत्वपूर्ण मील का पत्थर है, बल्कि यह असम और पूर्वोत्तर भारत की उभरती औद्योगिक शक्ति, नवाचार आधारित उद्यमिता और रोजगार सृजन क्षमता का भी सशक्त प्रमाण है।

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