64 लाख घुसपैठियों से बदली असम की डेमोग्राफी : अमित शाह का दावा- कांग्रेस ने राज्य में घुसपैठ को दिया बढ़ावा
थर्ड आई न्यूज
गुवाहाटी । केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने शुक्रवार को दावा किया कि कांग्रेस शासन के दौरान असम की जनसांख्यिकी (डेमोग्राफी) में बड़ा बदलाव आया है और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व वाली भाजपा सरकार इस प्रवृत्ति को पलटने के लिए ठोस कदम उठा रही है।
धेमाजी जिले के करेंग चापोरी में टकम मिसिंग पोरिन केबांग (ऑल मिसिंग स्टूडेंट्स यूनियन) द्वारा आयोजित 10वें मिसिंग यूथ फेस्टिवल के समापन समारोह को संबोधित करते हुए शाह ने आगामी विधानसभा चुनावों में भाजपा को समर्थन देने की अपील की। उन्होंने कहा कि इससे राज्य को घुसपैठ की समस्या से पूरी तरह मुक्त किया जा सकेगा।
कांग्रेस के शासनकाल में हुई घुसपैठ- शाह
अमित शाह ने आरोप लगाया कि कांग्रेस के शासनकाल में अवैध घुसपैठ के कारण असम की जनसांख्यिकीय संरचना में व्यापक बदलाव हुआ। उन्होंने कहा, कांग्रेस शासन के दौरान घुसपैठियों की संख्या शून्य से बढ़कर 64 लाख तक पहुंच गई और राज्य के सात जिलों में वे बहुमत में आ गए।
गृह मंत्री ने कहा कि मोदी सरकार असम में बदले हुए डेमोग्राफिक ट्रेंड को पलटने के लिए कई स्तरों पर काम कर रही है। उन्होंने बताया कि राज्य में लगातार दो भाजपा सरकारों के कार्यकाल में घुसपैठियों द्वारा किए गए अतिक्रमण से 1.26 लाख एकड़ भूमि मुक्त कराई गई है।
तीसरे कार्यकाल का समर्थन देने की अपील की :
शाह ने कहा, अगर असम में घुसपैठ को रोकना है तो भाजपा को तीसरे कार्यकाल के लिए चुनना होगा और मुख्यमंत्री हिमंत विश्व शर्मा के हाथ मजबूत करने होंगे। उन्होंने ऊपरी असम में घुसपैठ को रोकने में मिसिंग समुदाय की भूमिका की सराहना करते हुए कहा कि समुदाय की मेहनतकश जीवनशैली के कारण घुसपैठिए इस क्षेत्र में बस नहीं पाए।
अमित शाह ने कहा, घुसपैठ रोकने के लिए हथियार उठाने की जरूरत नहीं है। आपकी मेहनत और जीवनशैली ही इसकी सबसे बड़ी ताकत है। गृह मंत्री ने यह भी आरोप लगाया कि कांग्रेस शासन के दौरान कई आदिवासी समुदायों को अपनी पहचान बचाने के लिए संघर्ष करना पड़ा। उन्होंने भरोसा दिलाया कि भाजपा सरकार मिसिंग समुदाय सहित अन्य आदिवासी समाजों की समस्याओं के समाधान के लिए केंद्र सरकार द्वारा नियुक्त वार्ताकार के माध्यम से प्रतिबद्धता के साथ काम कर रही है।

