मीरा बाई की भक्ति प्रसंग से भावविभोर हुए श्रद्धालु, सेठ सांवरिया के दरबार में विधायक विजय गुप्ता ने भी लगाई हाज़िरी
थर्ड आई न्यूज़
गुवाहाटी, 28 मई। आठगांव स्थित श्री गौहाटी गौशाला के वृंदावन गार्डन प्रांगण में सेठ सांवरिया सत्संग समिति के तत्वावधान में आयोजित आठ दिवसीय “नानी बाई रो मायरो” संग भक्तमाल कथा के पांचवें दिन श्रद्धालु भक्ति रस में डूबे नजर आए। व्यासपीठ से कथा वाचन करते हुए मुख्य कथावाचक गौरव व्यास ने भक्त शिरोमणि मीरा बाई और उनके आराध्य गिरधर गोपाल के दिव्य प्रेम का भावपूर्ण प्रसंग सुनाया।
उन्होंने बताया कि किस प्रकार राजमहलों की ऐश्वर्यपूर्ण जीवनशैली त्यागकर मीरा बाई ने स्वयं को पूर्ण रूप से भगवान श्रीकृष्ण की भक्ति में समर्पित कर दिया। संसार के विरोध, कष्ट और कठिन परीक्षाओं के बावजूद उनकी श्रद्धा कभी डगमगाई नहीं। मीरा के लिए गिरधर गोपाल ही जीवन, प्रेम और परम सत्य थे।
गौरव व्यास ने कहा कि सच्ची भक्ति में अहंकार, भेदभाव और सांसारिक मोह का कोई स्थान नहीं होता। मीरा बाई ने अपने जीवन से यह संदेश दिया कि जो भक्त निष्काम भाव से प्रभु का स्मरण करता है, उसकी रक्षा स्वयं भगवान करते हैं। कथा के दौरान “मेरे तो गिरधर गोपाल, दूसरो न कोई” जैसे भजनों की प्रस्तुति से पूरा पंडाल भक्तिमय वातावरण में डूब गया। श्रद्धालुओं ने जयकारों के साथ भक्ति रस का आनंद उठाया।
आयोजन समिति के सुरेंद्र लाठ ने बताया कि गुरुवार को मध्य गुवाहाटी के विधायक विजय गुप्ता ने भी सेठ सांवरिया के दरबार में पहुंचकर हाजरी लगाई और कथा श्रवण किया।
कथा के पांचवें दिन की पूजा रेनु-संतोष चौधरी, चंदा-कन्हैयालाल पृथानी, दीपाली-राजेश हंसारिया, नीतु-समीत सराफ तथा शालु-नरेश अग्रवाल द्वारा कराई गई।
पुरुषोत्तम मास के अवसर पर आयोजित यह कथा प्रतिदिन अपराह्न 2:30 बजे से शाम 6 बजे तक गौशाला के वृंदावन गार्डन में जारी है। आयोजन को सफल बनाने में समिति के सभी सदस्य सक्रिय रूप से जुटे हुए हैं।

