असम के मंत्री केशव महंत की बेटी के प्रधानमंत्री मोदी पर विवादित नारे से मचा राजनीतिक बवाल
थर्ड आई न्यूज
गुवाहाटी, 24 जुलाई। असम सरकार के मंत्री एवं असम गण परिषद (एजीपी) के वरिष्ठ नेता केशव महंत की बेटी दिबिसा महंत प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के खिलाफ कथित रूप से आपत्तिजनक नारे लगाने के बाद विवादों में घिर गई हैं।
यह घटना 23 जुलाई को गुवाहाटी के चाचल क्षेत्र में आयोजित एक विरोध प्रदर्शन के दौरान हुई। यह प्रदर्शन कथित नीट-यूजी 2026 प्रश्नपत्र लीक मामले, शिक्षा व्यवस्था में सुधार और केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग को लेकर आयोजित किया गया था।
सोशल मीडिया पर वायरल हुए वीडियो में दिबिसा महंत को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के खिलाफ कथित रूप से आपत्तिजनक और अभद्र नारे लगाते हुए देखा और सुना गया। वीडियो सामने आने के बाद इस घटना को लेकर सोशल मीडिया और राजनीतिक हलकों में तीखी प्रतिक्रिया देखने को मिली। कई लोगों ने सार्वजनिक मंच से इस प्रकार की भाषा के प्रयोग की आलोचना करते हुए इसे अनुचित बताया।
सोशल मीडिया पर वायरल हुए वीडियो में दिबिसा महंत को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के खिलाफ कथित रूप से “नीम का पत्ता कड़वा है, मोदी साला भड़वा है” का नारा लगाते हुए देखा और सुना गया। इस आपत्तिजनक नारे को लेकर सोशल मीडिया और राजनीतिक हलकों में तीखी प्रतिक्रिया देखने को मिली। कई लोगों ने सार्वजनिक मंच पर इस प्रकार की भाषा के प्रयोग की आलोचना करते हुए इसे अनुचित बताया।
विरोध प्रदर्शन के दौरान दिबिसा महंत अन्य छात्र-छात्राओं और प्रदर्शनकारियों के साथ तख्तियां लेकर प्रदर्शन में शामिल दिखाई दीं।
मामले पर प्रतिक्रिया लेने के लिए दिबिसा महंत तथा उनके पिता एवं असम के राजस्व मंत्री केशव महंत से संपर्क करने का प्रयास किया गया, लेकिन समाचार लिखे जाने तक दोनों की ओर से कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं मिल सकी। इस बीच, विवाद के बाद दिबिसा महंत का सोशल मीडिया अकाउंट भी उपलब्ध नहीं रहा।
प्रदर्शन में असम सहित पूर्वोत्तर के विभिन्न राज्यों के छात्र, युवा और नागरिक समाज के प्रतिनिधियों ने भाग लिया। प्रदर्शनकारियों ने कथित परीक्षा अनियमितताओं की निष्पक्ष जांच, परीक्षा प्रणाली में व्यापक सुधार तथा जवाबदेही सुनिश्चित करने की मांग की। साथ ही, नई दिल्ली में आयोजित छात्र आंदोलनों के प्रति एकजुटता भी व्यक्त की गई।
इस बीच, केंद्र सरकार ने परीक्षा प्रश्नपत्र लीक से जुड़े मामलों में त्वरित न्याय सुनिश्चित करने के लिए फास्ट-ट्रैक अदालतों की स्थापना और दोषियों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई संबंधी कानून लाने की घोषणा दोहराई है।
हालांकि प्रदर्शन शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुआ, लेकिन दिबिसा महंत द्वारा लगाए गए कथित आपत्तिजनक नारे इस पूरे घटनाक्रम का सबसे चर्चित और विवादास्पद पहलू बन गए।

